Browsing Category

फ्लैश बैक

INTERVIEW!! रोल कुछ चलाऊ कुछ कमाऊ तो कुछ लुटाऊ  – शर्मिला टैगोर

मायापुरी अंक, 57, 1975पिछले दिनों 'मौसम' के सेट पर शर्मिला टैगोर से मुलाकात हुई तो इन शर्मिला टैगोर में और 'आविष्कार' के सेट पर बहुत दिनों पहले मिली शर्मिला टैगोर में मुझे कोई अंतर नज़र नही आया। चेहरे पर अब तक समय और काल की रेखाएं नहीं…
Read More...

एक आदर्श अभिनेत्री एक घरेलू औरत – नरगिस

मायापुरी अंक 54,1975 नरगिस की उम्र तब दस या ग्यारह वर्ष की रही होगी जब उर्दू के प्रसिद्ध लेखक सआदत हसन मंटो उनके घर में आया-जाया करते थे। मंटो की आंखों ने मासूम नरगिस के बचपन को जवान होते हुए भी देखा। और न जाने एक दिन मंटो को क्या सूझा,…
Read More...

INTERVIEW!! विनोद खन्ना अच्छे और नये पात्रों (रोल्स) की तलाश में ?

मायापुरी अंक, 56, 1975विनोद खन्ना आज उन हीरोज़ की गिनती में है जिनका बॉक्स ऑफिस पर ड्रा है। उसके बावजूद वह अधिकतर ऐसी फिल्मों में काम कर रहे है जिनमें उनके अलावा एक या दो हीरो और है। इसीलिए 'हेराफेरी' के सेट पर वह मिले तो मैंने उनसे…
Read More...

मुझे काम से बोरियत नही होती – शशि कपूर

मायापुरी अंक, 55, 1975शशि कपूर फिल्मोद्योग के शशि कपूर से नटराज स्टूडियो में भेंट हुई। बेचारे कुछ परेशान नज़र आ रहे था। हमने पूछा क्या बात है शशि जी, परेशान परेशान किधर जा रहे हो?राजकमल स्टूडियो जाना है वहां शूटिंग है। शशि ने कहा।…
Read More...

स्व. मेहबूब खां स्वस्थ सामाजिक फिल्मों के निर्माता

मायापुरी अंक, 57, 1975स्व. मेहबूब खान की फिल्मों की विशेषता यह थी कि उनकी अपनी फिल्मों की कहानी वास्तविक घटनाओं पर आधारित होती थी। फिल्म बनाने से पूर्व कहानी पर काफी विचार करते थे। फिर उसके बाद ही उसका फिल्मीकरण करते थे।उनकी फिल्म…
Read More...

INTERVIEW: शरीर मखमली और कपड़े खुरदरे… ना बाबा ना.. ? शबाना आज़मी

मायापुरी अंक, 58, 1975 यदि कोई हीरोइन किसी फिल्म में मैले कुचैले, फटे पुराने कपड़े पहनने से इंकार कर दे तो हमें आश्चर्य नही होना चाहिए!  ग्लैमर आखिर ग्लैमर है! हीरोइन आखिर हीरोइन है! आप पूछ सकते हैं तो फिर जया ने फिल्म दूसरी सीता में काली…
Read More...

INTERVIEW: देव आनंद का निर्देशन का नशा उतरा नही

मायापुरी अंक, 57, 1975मेहबूब स्टूडियो में साहेब बहादुर के सेट पर देव आनंद खाली समय का उपयोग करने में व्यस्त थे और किसी असिस्टेंट से अपने अगले सीन के बारे में पूछ रहे थे वह उससे फ्री हुए तो मैंने जा घेरा और दुआ सलाम के बाद उनसे पूछा।…
Read More...

INTERVIEW!! मैं क्या किसी से डरती हूं – परवीन बॉबी

मायापुरी अंक, 57, 1975परवीन बॉबी से आर.के. स्टूडियो में 'रंगीला रतन' के सेट पर मुलाकात हो गई। मैने उनसे उनके और डैनी के बारे में फैली बातों के बारे में पूछने के लिए भूमिका बताते हुए पूछा।क्या आप समझती हैं कि आप को आपकी पसंद के रोल…
Read More...

INTERVIEW: एक्टर कभी फ्लॉप नही होता – सुनील दत्त

मायापुरी अंक, 58, 1975 फिल्म 'नागिन' की शूटिंग में जब सुनील दत्त से मेरी मुलाकात हुई तो उनके पीछे पूरी फौज लगी हुई थी। इनमें से कुछ उनकी फिल्मों के निर्माता थे जो डेटें लेने आए थे। कुछ चमचे थे जो खुद को दत्त साहब का चमचा हूं मैं कहलाने में…
Read More...

INTERVIEW!! फिल्म जगत में आने से पूर्व एक अच्छा दर्जी भी रहा हूं – ऐ.के. हंगल

मायापुरी अंक, 56, 1975 'नमक हराम' 'आईना' 'दीवार' तथा आंधी जैसी सफल फिल्मों में प्रभावशाली चरित्र अभिनय की भूमिकाएं निभाने वाले आज के सुप्रसिद्ध चरित्र अभिनेता ए.के. (अवतार कृष्ण) हंगल से एक संक्षिप्त  भेंटवार्ता करने का सौभाग्य मुझे अभी…
Read More...